इकोसिस्टम, परिस्थितिकी तंत्र या पारितंत्र का अर्थ उस अवधारणा या क्षेत्र से है, जहाँ सभी जीव-जन्तु. पौधे, पादप आदि शामिल है| ये सभी जीव पर्यावरण में आपस में अंत:क्रिया करके एवं सामूहिक रूप से एक दुसरे पर आश्रित रहते हुए निवास स्थान एवं भोजन का आदान-प्रदान करते है|

इकोसिस्टम की अवधारणा के अंतर्गत वन, खेत, रेगिस्तान, दलदलीय इलाके एवं स्थान के अनूरूप मौसम एवं जलवायु आदि में परिवर्तन होना सम्मिलित है| आपस में इन सभी जीवो में जैव विविधता पाई जाती है, किन्तु स्थलीय एवं जलीय जीव समय आने पर एक दुसरे के साथ परस्पर क्रिया करने को भी तत्पर रहते है|

कुछ इकोसिस्टम मानवीय क्रियाकलापों से प्रभावित नहीं होते, किन्तु कुछ इकोसिस्टम काफी नाजुक होते है, जैसे वन एवं पर्वतीय क्षेत्र, जो मानवीय हस्तक्षेप के कारण नष्ट हो जाते है|

इकोसिस्टम के कार्य करने के नियम:

इकोसिस्टम के कार्य करने का तरीका प्रकृति के अनुकूल है, जिसके अंतर्गत जैविक व् अजैविक घटक एक दूसरे पर निर्भर रहते हुए एक जाल का निर्माण करते है| पेड़-पौधे अपना भोजन सूर्य से प्राप्त करते है, विशाल मांसाहारी जीव दूसरे छोटे जीवों को मारकर उनका भक्षण करते है एवं सूक्ष्म जीव भी अन्य जीवो एवं अपशिष्ट पदार्थो से अपना भरण-पोषण करते है|

इकोसिस्टम के हास् का कारण:

इकोसिस्टम में सबसे ज्यादा नुकसान मनुष्य ने किया है, नियमित रूप से वनों की कटाई, पर्यावरण प्रदुषण. जिससे जल, वायु, मृदा आदि कुछ भी अछुता नहीं रहा| जनसंख्या वृद्धि के कारण संसाधन कम हो रहे है, तथा नित नए अविष्कार प्रकृति की कोमलता पर प्रहार कर रहे है|